गोरखपुर।
Sons tried to murder mother :- गोरखपुर में दो कलयुगी बेटों की करतूत ने दरिंदगी की सभी हदें पार कर दीं। ज़मीन के लिए दो बेटों ने पहले अपनी मां को पानी मे डुबाकर मारने की कोशिश की , फिर रेल की पटरी पर फेंक दिया। अब माँ अपने कलेजे के टुकड़ों की हरकत से ज़िंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रही है।
मामला गोरखपुर जिले के खोराबार थाना क्षेत्र के रामनगर का है ,जहां गुरुवार रात को दो बेटों ने अपनी मां के हत्या का प्रयास किया। लेकिन संयोगवश दोनों अपनी साजिश में नाकाम रहे। आरोप है कि जमीन के विवाद में बेटों ने मां को पहले पानी में डूबाकर मारना चाहा। लेकिन जब वह चिल्लाने लगी तो उसे रेलवे ट्रैक पर लिटा दिया। लेकिन सिग्नल नहीं मिलने पर मिलने पर रेल चालक ने महिला की जान बचा ली। घटना की सूचना पर पुलिस ने एक बेटे को पकड़ लिया है। दूसरे की तलाश कर रही है।
रामनगर करजहां गांव की शांति देवी ( 75) पत्नी स्व, परशुराम निषाद के तीन बेटे रामाज्ञा , महेश उर्फ मनीष चंद और जगलाल हैं। जमीन को लेकर रामाज्ञा से महेश उर्फ मनीष और जगलाल के बीच विवाद चल रहा है। मां रामाज्ञा के पक्ष में रहती है। बताया जाता है कि गुरुवार की रात करीब आठ बजे महेश, जगलाल और दयाराम ने उसे जान से मारने की कोशिश की। पहले मां को डब में पानी भरकर डुबोया।
शोर मचाने पर मुंह बंद कर दिया, जिससे वह अचेत हो खोराबार थाना क्षेत्र के रामनगर कड़जहां में अंधेरे में उसे रेलवे ट्रैक पर ले जाकर ट्रैक पर लिटा दिया उस समय गोरखपुर से देवरिया की ओर ट्रेन जा रही थी। लेकिन सिग्नल नहीं होने की वजह से चालक ने ट्रेन रोक दी। वह ट्रैक पर देखने लगा। तभी चालक की नजर महिला पर पड़ी।
उसने तत्काल इसकी सूचना गेटमैन और कुसम्हीं रेलवे स्टेशन मास्टर को दी। गेटमैन की मदद से महिला को ट्रैक से हटा दिया। महिला के सिर और आंखों में गंभीर चोट लगी है। सूचना पाकर पहुंची पुलिस उसे ‘पीएचसी खोराबार ले गई। वहां उसका प्राथमिक उपचार करके एम्स रेफर कर दिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने उसके बेटे को हिरासत में ले लिया।